राजनांदगांव :- लखोली वार्ड क्रमांक 36 के पूर्व पार्षद प्रतिनिधि एवं भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति मोर्चा के पूर्व प्रदेश मंत्री आशीष डोंगरे ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा संत शिरोमणि गुरु रविदास जयंती के अवसर पर की गई महत्वपूर्ण घोषणाओं का स्वागत करते हुए इसे अनुसूचित समाज और संत परंपरा के सम्मान में ऐतिहासिक निर्णय बताया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने संत रविदास के विचारों को सम्मान देने के साथ-साथ पूरे समाज की भावनाओं का आदर किया है।
श्री डोंगरे ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार संत-महापुरुषों के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य कर रही है। संत रविदास जयंती पर सार्वजनिक अवकाश घोषित करने का निर्णय प्रदेश के लाखों श्रद्धालुओं और समाजजनों के लिए गर्व और सम्मान का विषय है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय केवल एक अवकाश की घोषणा नहीं बल्कि संत रविदास के समता, समानता और सामाजिक सद्भाव के संदेश को सम्मान देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने मुख्यमंत्री की उस घोषणा का भी स्वागत किया जिसमें संत रविदास जयंती के दिन पूरे प्रदेश में मांस एवं मदिरा की दुकानें बंद रखने का निर्णय लिया गया है। डोंगरे ने कहा कि इससे संत रविदास के प्रति श्रद्धा और सम्मान का वातावरण बनेगा तथा समाज में सकारात्मक संदेश जाएगा। श्री डोंगरे ने कहा कि संत रविदास जी के नाम पर राज्य अलंकरण पुरस्कार की स्थापना मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की दूरदर्शी सोच का परिचायक है। इससे समाज सेवा, समरसता और मानवता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले लोगों को नई पहचान और सम्मान मिलेगा। उन्होंने नया रायपुर के एक प्रमुख चौक का नाम संत रविदास चौक रखने की घोषणा का भी स्वागत किया और कहा कि इससे आने वाली पीढ़ियां संत रविदास के महान व्यक्तित्व और उनके विचारों से प्रेरणा लेंगी। वहीं छत्तीसगढ़ विधानसभा में संत रविदास जी का संदेश अंकित करने का निर्णय प्रदेश की लोकतांत्रिक परंपराओं और सामाजिक समरसता को और अधिक मजबूत करेगा। श्री डोंगरे ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय लगातार प्रदेश के सभी वर्गों के सम्मान, विकास और सामाजिक समरसता के लिए कार्य कर रहे हैं। उनकी सरकार संतों, महापुरुषों और राष्ट्रनिर्माताओं के आदर्शों को व्यवहार में उतारने का प्रयास कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ विकास, सामाजिक न्याय और सांस्कृतिक गौरव के नए आयाम स्थापित करेगा। अंत में आशीष डोंगरे ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि संत रविदास समाज सहित प्रदेश की जनता इन ऐतिहासिक घोषणाओं का हृदय से स्वागत करती है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता, सामाजिक समरसता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता और संत परंपरा के प्रति गहरे सम्मान का प्रतीक है।