खरसिया : खरसिया नगर में महतारी वंदन योजना के तहत योजना के आए आवेदन पत्र पर लोग डिग्ग भ्रमित हो रहे हैं लोगों का कहना है कि दो प्रकार के फॉर्म वितरण हो रहे हैं जिसमें नगर पालिका द्वारा जो फार्म वितरण किया जा रहे हैं उसमें कॉलम नंबर 20 नहीं दिखाया गया है जिसमें बैंक अकाउंट नंबर एवं आईएफएससी कोड लिखा होना चाहिए जिससे की हितग्राही अपने अकाउंट नंबर को भरकर दिया जाना है जिससे कि जो सरकार की योजना के तहत ₹12000 आने हैं अगर खाता नंबर नहीं होगा तो किसके खाते में जाएगा क्या यह फॉर्म जानबूझकर के बनाया गया है या सरकार के द्वारा कुछ त्रुटियां रह गई है जबकि बाल विकास केंद्र द्वारा जो फार्म वितरण किया जा रहे हैं वह फॉर्म संपूर्ण है सही है जिसमें कॉलम नंबर 20 दर्शाया गया है परंतु नगर पालिका द्वारा जारी किए गए फॉर्म नंबर कलम नंबर 20 नहीं है ।
परियोजना अधिकारी और सुपरवाइजर से चर्चा करने पर पाया गया कि बाल विकास केंद्र द्वारा जितने भी फार्म वितरण किए गए हैं वह सही है और उसमें कलम नंबर 20 दर्शाया गया है सरकार द्वारा पर्याप्त मात्रा में बाल विकास केंद्र में फॉर्म भेजे गए हैं जिनका वितरण साहियका और कार्यकर्ताओं द्वारा घर घर जाकर वितरण किया जा रहा है अगर जिन्हें फॉर्म नहीं मिला है वह आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के कार्यालय में जाकर फॉर्म ले सकते हैं जिसे मांग के अनुसार उन्हें फॉर्म दिया जा रहा है तथा उन्हें फॉर्म भरवारा जा रहा है वहीं यह भी जानकारी मिली है कि पूरे छत्तीसगढ़ में महतारी में वंदन योजना के तहत बहुतायत फॉर्म भरने के कारण मोबाइल कंपनियों के सरवर काम नहीं कर रहे हैं जिसके कारण फॉर्म मोबाइल या कंप्यूटर में लोड करने के कारण काफी विलंब हो रहा है परंतु लोगों की यह धारणा है कि जानबूझकर के बदमाशी की जा रही है जबकि सहायिका कार्यकर्ता और अपने समय सीमा के बाद में भी अपने घरों में प्राप्त फॉर्म को लौडकर केंद्र में भेजा जा रहा है जबकि प्राइवेट सेक्टर में जो भी हितग्राही है ।
अपने फार्म भरवा रहे हैं उन्हें प्राइवेट सेक्टर वाले अपने मनमानी दर पर वसूली कर रहे हैं जबकि कुछ लोगों द्वारा जानबूझकर के साहियको एवं कार्यकर्ताओं के ऊपर झूठे आरोप लगाकर की प्रति फॉर्म ₹10 लिया जा रहा है यह गलत है जरूर कुछ दुकानदारों द्वारा इसका फायदा उठाया जा रहा है सुपरवाइजर पुनीता जायसवाल द्वारा चर्चा करने पर बताया गया कि जिन भी आवेदिकाओ को महतारी बंदन योजना के तहत फार्म की आवश्यकता है वह निशुल्क शासन के आदेश अनुसार फॉर्म लेकर फॉर्म भर सकते हैं यदि उन्हें समझ में नहीं आता है तो वह कार्यकर्ता और सहायिकाओं से संपर्क कर अपने फार्म भरवा सकते हैं