राजनांदगांव :- जिले के कबीर आश्रम सुंदरा में आज बुधवार 29 जुलाई को गुरु पूर्णिमा महोत्सव श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण के बीच धूमधाम से मनाया जाएगा। महोत्सव में बीजक पाठ, भजन-सत्संग, सद्गुरु के प्रेरक विचारों का श्रवण तथा प्रसादी का आयोजन किया गया है। आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं से सपरिवार शामिल होकर पुण्य लाभ लेने की अपील की है।
साहेब बंदगी के पावन संदेश के साथ कबीर आश्रम सुंदरा में बुधवार 29 जुलाई 2026 को गुरु पूर्णिमा महोत्सव का भव्य आयोजन किया जाएगा। इस आध्यात्मिक आयोजन में जिले सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। आयोजन समिति के अनुसार कार्यक्रम की शुरुआत सुबह 10 बजे बीजक पाठ एवं भजन-सत्संग से होगी। इसके बाद सद्गुरुदेव के पावन विचारों का श्रवण कराया जाएगा जिससे श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक मार्गदर्शन प्राप्त होगा। दोपहर 2 बजे तक सभी श्रद्धालुओं के लिए भोजन प्रसादी की व्यवस्था की गई है। आयोजकों ने बताया कि गुरु पूर्णिमा केवल गुरु के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने का पर्व नहीं बल्कि आत्मचिंतन, सेवा, सद्भाव और आध्यात्मिक उन्नति का भी अवसर है। कबीर साहेब की वाणी और उनके बताए मार्ग पर चलने का संदेश इस आयोजन के माध्यम से समाज तक पहुंचाया जाएगा। महोत्सव में जिले की पुलिस अधीक्षक सुश्री अंगीता शर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती किरण वैष्णव, रेलवे थाना प्रभारी श्रीमती तरुणा साहू, राजगामी संपदा की अध्यक्ष श्रीमती पूर्णिमा साहू, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती किरण साहू, जिला पंचायत सभापति श्रीमती देवकुमारी साहू, भाजपा मंडल अध्यक्ष मनोज साहू, जिला साहू संघ अध्यक्ष नोबल साहू, जिला साहू संघ उपाध्यक्ष श्रीमती अंजू साहू, पूर्व महापौर श्रीमती हेमा देशमुख, महापौर मधुसूदन यादव, जिला साहू संघ के महामंत्री नीलमणि साहू एवं अनिल साहू, तहसील साहू संघ अध्यक्ष चंद्रशेखर साहू, न्याय प्रकोष्ठ संयोजक डॉ. महेश साहू तथा जिला साहू संघ कार्यालय प्रभारी जगमोहन साहू सहित अनेक जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति रहेगी। आयोजन समिति के विनीत जितेन्द्र साहेब एवं समस्त साध्वी-संत और भक्तगण ने सभी श्रद्धालुओं से सपरिवार महोत्सव में शामिल होकर सद्गुरुदेव के पावन विचारों का लाभ लेने तथा भक्ति एवं सत्संग का पुण्य प्राप्त करने का आग्रह किया है। कार्यक्रम के अंत में कबीर साहेब की अमर वाणी कबीरा मन निर्मल भया, जैसे गंगा नीर। के संदेश के साथ समाज में प्रेम, सद्भाव, सेवा और आध्यात्मिक जागृति का संकल्प लिया जाएगा।