रायपुर : छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में पूर्व मंत्री धनीराम साहू के बेटे ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक का शव उनके कमरे में फंदे से लटका मिला। घटना को लेकर मृतक के पिता और भाई ने बड़ा आरोप लगाया है। पिता ने कहा कि बहू किरण साहू का दूसरे युवक से अफेयर चल रहा है। अवैध संबंध के चलते उनकी बहू कुछ दिनों पहले ही घर से चले गई थी। इसी बात से उनका बेटा परेशान रहता था, जिस वजह से उसने आत्महत्या कर ली।
वहीं, जय साहू के बड़े भाई ने बताया कि बीते 17 अप्रैल को जय से फोन पर बातचीत हुई थी। इस दौरान जय ने कहा था कि उसकी पत्नी का अफेयर चल रहा है। इस जानकारी के बाद किरण साहू के पिता से परिजनों की बैठकी भी हुई थी। बैठक के दौरान दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट भी हुई थी।
इधर, मृतक जय साहू की पत्नी किरण साहू ने मीडिया से चर्चा में बताया कि उनकी शादी 2017 में हुई थी। इस दौरान जय के परिजनों ने पहली शादी की बात नहीं बताये थे। जय के साथ रहने के दौरान उनकी पहली शादी के बारे में जानकारी मिली थी। वे दोनों पहले पुणे में रहते थे। जय की मानसिक स्थिति भी ठीक नहीं थी, जिसके बाद रायपुर ससुराल में आकर रहने लगे थे। एक साल पहले जय के ट्रेंडिंग में 13 लाख डूब गए थे। ट्रेंडिंग को लेकर पति-पत्नी के बीच आये दिन विवाद होता था।
किरण साहू ने बताया कि एक महीने पहले ही जय साहू ने फिर से ट्रेंडिंग शुरू की थी, इसको लेकर जमकर विवाद हुआ था। इस दौरान जय ने मारपीट भी की थी, जिसके बाद वो 15 अप्रैल को अपने मायके आ गई थी। ससुराल पक्ष के द्वारा लगाए गए आरोप झूठे है। मेरा किसी के साथ अफेयर नहीं चल रहा है।
जानिए पूरी कहानी
जानकारी के मुताबिक, जय साहू 45 वर्ष मोवा आदर्श नगर में अपने परिवार के साथ रहते थे। रविवार की रात पूर्व विधायक धनीराम साहू के बेटे जय साहू 45 वर्ष ने खुद को कमरे में बंद कर लिया था। काफी देर तक परिजनों के द्वारा आवाज देने के बाद भी जब दरवाजा नहीं खोला गया तो इसकी सूचना मोवा थाने में दी गई।
पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और परिजनों की मौजूदगी में कमरे के दरवाजे को खुलवाया गया। इस दौरान जय का शव फंदे से लटक रहा था। पुलिस ने कमरे की तलाशी ली, लेकिन मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला।
पुलिस को जांच में पता चला कि जय साहू का पत्नी किरण साहू से विवाद चल रहा था। पुलिस घटना को लेकर आशंका जता रही है कि जय ने परिवारिक तनाव के चलते आत्महत्या की। फिलहाल मामले में मृतक की पत्नी और मृतक के परिजनों के आरोपों के बाद घटना की जांच की जा रही है।
मालूम हो कि धनीराम साहू 1977 में बीजेपी की टिकट से कसडोल विधानसभा से विधायक रह चुके है। साथ ही अविभाजित मध्य प्रदेश में राज्य मंत्री भी रह चुके हैं।