राजनांदगांव: अगले माह दीपावली का पर्व है। इसके लिए शहर के म्युनिस्पल स्कूल मैदान में पटाखा दुकानें लगने वाली है। संभावित अनहोनी से बचने नगर सेना, अग्निशमन व आपातकालीन सेवाएं और एसडीआरएफ मुख्यालय ने सभी स्थायी व अस्थायी फटाखा दुकानों में आग से बचाव के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए है। जारी निर्देशों के अनुसार पटाखा दुकान किसी भी ज्वलनशील सामग्री जैसे कपड़ा, बांस, रस्सी, टैंट इत्यादि का नहीं होकर अज्वलनशील सामग्री से बने टिन शेड द्वारा निर्मित होना चाहिए। दुकानें कम से कम एक-दूसरे से तीन मीटर की दूरी (साईड) पर एवं एक दूसरे के सामने न बनाई जाए। पटाखा दुकानों में प्रकाश व्यवस्था के लिए किसी भी प्रकार के तेल लैंप, गैस लैंप एवं खुली बिजली बत्ती का प्रयोग प्रतिबंधित होना चाहिए। नियमों का पालन नहीं करने पर छत्तीसगढ़ अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा अधिनियम व छत्तीसगढ़ अग्निशमन एवं आपातकालीन नियमावली के तहत कार्रवाई की जाएगी।
जिला सेनानी व अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि किसी भी पटाखा दुकान से 50 मीटर के अंदर आतिशबाजी प्रदर्शन प्रतिबंधित होने चाहिए। विद्युत तारों में ज्वांइट खुला नहीं होना चाहिए एवं प्रत्येक मास्टर स्विच में फ्यूस या सर्किट ब्रेकर लगा होना चाहिये। जिससे शार्ट सर्किट की स्थिति में विद्युत प्रवाह स्वत: बंद हो जाये। दुकाने ट्रांसफार्मर के पास न हो और उसके ऊपर से हाईटेंशन पावर लाइन न गुजरती हो। प्रत्येक पटाखा दुकान में छह किलोग्राम क्षमता का डीसीपी अग्निशामक यंत्र होना चाहिये। दुकानों के सामने कुछ अंतराल में 500 लीटर क्षमता के ड्रम की व्यवस्था बाल्टियों के साथ होनी चाहिए। पटाखा दुकानों के सामने बाइक व कार की पार्किंग प्रतिबंधित होनी चाहिए। अग्निशमन वाहन एवं एम्बुलेंस का फोन नंबर दुकान परिसर के कुछ स्थानों में लगाया जाए। अग्निशमन वाहन के मूवमेंट के लिए पर्याप्त स्थान होना चाहिए।
आवश्यक सावधानियां बरतने की अपील
दीपावली पर्व को दृष्टिगत रखते हुए अग्नि सुरक्षा उपायों के संबंध में बरती जाने वाली सावधानी के लिए आवश्यक सलाह जारी की गई है। पटाखे हमेशा लाइसेंस प्राप्त विक्रेताओं से ही खरीदने की सलाह दी गई है। साथ ही दुर्घटनाओं के जोखिम को कम करने सुनिश्चित करें कि गुणवत्तापूर्ण एवं अनुमोदित पटाखे ही खरीद रहे हैं। ईमारतों, वाहनों और ज्वलनशील पदार्थों से दूर पार्क, बड़े मैदान जैसे खुले स्थानों में पटाखे जलाए। पटाखे जलाते समय संभावित आपातकालीन स्थिति के लिए पानी की बाल्टी निकट रखें। आग से संबंधित चोटों के जोखिम को कम करने के लिए सूती वस्त्र पहनने को प्राथमिकता दें, क्योंकि सिंथेटिक कपड़े आसानी से आग पकड़ सकते हैं।
अनहोनी से बचने ऐसी सावधानी है जरूरी
-घर के अंदर खिड़कियों के पास या अन्य बंद स्थानों पर कभी फटाखे नहीं जलाए
-पटाखे जलाते समय ढीले या लटकने वाले वस्त्र पहनने से बचें
-ज्वलनशील पदार्थ के पास पटाखों का उपयोग नहीं करें
-पटाखों को सूखी पत्तियों, गैस सिलेंडर व वाहनों जैसी वस्तुओं से दूर रखें
-यदि कोई पटाखे जलाने में विफल रहता है तो उसे पुन: जलाने का प्रयास न करें
-तेल के दीए या मोमबत्ती को जलाते हुए उपेक्षित न छोड़े, विशेष रूप से
पर्दे या ज्वलनशील पदार्थों के पास
-किसी भी तरह की चोट लगने या जलने पर तुरंत चिकित्सक की सलाह लें