January 13, 2026


10वीं-12वीं के बाद कर लिया ये कोर्स तो डिग्री वालों से पहले मिलेगी जॉब

 आज के समय में सिर्फ डिग्री होना ही नौकरी की गारंटी नहीं है. कंपनियों को ऐसे कैंडिडेट्स चाहिए जो तुरंत काम संभाल सकें और जिनके पास प्रैक्टिकल स्किल्स हों.

यही वजह है कि अब शॉर्ट टर्म (Short term course) और स्किल बेस्ड कोर्स (Skill Based Course) की डिमांड तेजी से बढ़ रही है. खास बात यह है कि कई ऐसे प्रोफेशनल कोर्स हैं जिन्हें 10वीं या 12वीं के बाद करके स्टूडेंट्स सीधे जॉब मार्केट में एंट्री कर सकते हैं. कई मामलों में इन कोर्स को करने वाले युवाओं को ग्रेजुएट्स से पहले नौकरी मिल जाती है.

डिप्लोमा इन इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग

10वीं या 12वीं के बाद किया जाने वाला यह कोर्स बिजली विभाग, रेलवे, मेट्रो, फैक्ट्रियों और कंस्ट्रक्शन कंपनियों में सीधी नौकरी दिलाता है. इलेक्ट्रिशियन, टेक्नीशियन और जूनियर इंजीनियर जैसे पदों पर भर्ती होती है. सरकारी और प्राइवेट दोनों सेक्टर में इसकी अच्छी डिमांड है.

 डिप्लोमा इन मैकेनिकल इंजीनियरिंग

मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री, ऑटोमोबाइल कंपनियां, स्टील प्लांट और प्रोडक्शन यूनिट्स में इस कोर्स की काफी मांग रहती है. स्टूडेंट्स को मशीन ऑपरेशन, मेंटेनेंस और प्रोडक्शन से जुड़ी ट्रेनिंग मिलती है, जिससे जॉब जल्दी मिल जाती है.

 आईटीआई (ITI) कोर्स

फिटर, इलेक्ट्रीशियन, वेल्डर, टर्नर, मशीनिस्ट जैसे ITI ट्रेड्स 10वीं के बाद किए जा सकते हैं. रेलवे, डिफेंस, पावर सेक्टर और बड़ी फैक्ट्रियों में आईटीआई पास युवाओं को प्राथमिकता दी जाती है. ITI कोर्स के बाद अप्रेंटिसशिप के जरिए परमानेंट जॉब का रास्ता भी खुलता है.

 डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन (DCA)

यह कोर्स ऑफिस असिस्टेंट, डेटा एंट्री ऑपरेटर, अकाउंट्स असिस्टेंट और क्लर्क जैसी जॉब्स के लिए बेहद उपयोगी है. बैंकिंग, एजुकेशन, प्राइवेट कंपनियों और सरकारी दफ्तरों में इसकी अच्छी डिमांड रहती है.

मेडिकल लैब टेक्नीशियन (MLT)

हॉस्पिटल, डायग्नोस्टिक सेंटर और पैथोलॉजी लैब में इस कोर्स के बाद सीधी नौकरी मिलती है. ब्लड टेस्ट, सैंपल कलेक्शन और रिपोर्ट तैयार करने जैसे कामों के लिए MLT की हमेशा जरूरत रहती है.


Related Post

Advertisement

Tranding News

Get In Touch