राजनांदगांव :- शहर कांग्रेस के पूर्व महामंत्री एवं पूर्व पार्षद हेमंत ओस्तवाल ने एक पत्र के माध्यम् से जिले के कलेक्टर से यह मांग की है कि, जिस तरह नगर निगम में निगम आयुक्त से लेकर संबंधित जल विभाग के प्रभारी अधिकारी आदि की लापरवाही पूर्व में भी कई वार्डों में उजागर हो चुकी है और उन मामलों को महापौर के द्वारा उस क्षेत्र में दौरा करके मामले को दबा दिया गया और जिस तरह मध्यप्रदेश में गंदे पानी से मौत के मामले में दिल्ली तक आवाज गूंज चुकी थी उसके बावजूद जल विभाग के प्रभारी अधिकारी श्री प्रणय मेश्राम आदि विभागीय अधिकारियों को आम जनता की सेहत से कोई मतलब नही है ? और निगम आयुक्त के द्वारा पूर्व में भी सब इंजीनियर आदि को नोटिस जारी का हवाला दिया गया था और वही नोटिस की जवाबी कार्यवाही का खुलासा निगम आयुक्त के द्वारा नही किया गया और आज फिर राजीव नगर वार्ड क्रमांक ३९ में बसंतपुर क्षेत्र में उल्टी, दस्त, पीलिया आदि से लगभग १० से १२ वर्ष की उम्र के करीब १० बच्चें डायरिया के शिकार हो गये है इसलिये आपसे अनुरोध है कि निगम प्रशासन में जो भ्रष्टाचार और कमीशन के खेल के चक्कर में निगम आयुक्त और जल विभाग के प्रमुख अधिकारी प्रणय मेश्राम के संरक्षण में आम जनता के स्वास्थ्य के साथ जो खिलवाड़ हो रहा है उस पर रोक लगाते हुए प्रणय मेश्राम और जल विभाग से संबंधित सब इंजीनियर उप अभियंता आदि को तत्काल हटाते हुए इनके खिलाफ कार्यवाही का आदेश जारी करें क्योंकि जहां भारत सरकार का स्पष्ट नियम है कि आम जनता को शुद्ध मानक पानी दिया जाना चाहिये लेकिन ये भ्रष्ट मदमस्त अधिकारी को सत्ता का कोई डर और आम जनता का कोई भय नहीं हैं और इस गंभीर लापरवाही के मामले को आप जैसा जागरूक और दबंग कलेक्टर जितेन्द्र यादव जी से ही उम्मीद आम जनता की है कि, कलेक्टर ऐसे निगम के लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ कार्यवाही करते हुए आम जनता को शुद्ध पानी की जांच प्रतिदिन करवाकर सप्लाई कराने का आदेश कड़े शब्दों में जारी करवाए और शुुद्ध पानी फिल्टर हेतु फिटकरी आदि गुणवत्तापूर्ण सामाग्री उपयोग में लाया जाये और निगम के संपूर्ण ५१ वार्डों में जो नाला-नालियों के अंदर से पाईप लाईने बिछाई गई उसे व्यवस्थित करवाई जायें ताकि आम जनता की सेहत से खिलवाड़ ना हो।