बचेली : एनएमडीसी ने अपने सीएसआर पहलों के तहत वोस्का के सहयोग से 20 मई से 12 जून 2026 तक दंतेवाड़ा जिले के 17 गांवों में समर कैंप आयोजित किए। इन शिविरों से लगभग 1,300 बच्चों को लाभ मिला, जिसमें बुनियादी शिक्षा, पढ़ने, खेल, कला और शिल्प (आर्ट एंड क्राफ्ट), सांस्कृतिक कार्यक्रमों, रचनात्मक शिक्षा और व्यक्तित्व विकास पर केंद्रित गतिविधियाँ शामिल थीं।इन समर कैंपों के सफल समापन के उपलक्ष्य में 12 जून 2026 को मंगल भवन, एनएमडीसी, बचेली में एक समापन समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जयंत नाहटा (मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत, दंतेवाड़ा), टी. शिवा कुमार, मुख्य महाप्रबंधक (उत्पादन) बचेली कॉम्प्लेक्स, महेश एस नायर, महाप्रबंधक (मानव संसाधन) बचेली कॉम्प्लेक्स और श्री सौरभ कुमार, उप-महाप्रबंधक (मानव संसाधन) बचेली कॉम्प्लेक्स उपस्थित थे।इस कार्यक्रम में एनएमडीसी के बचेली और किरंदुल परियोजना के अधिकारी, जिला पंचायत दंतेवाड़ा के अध्यक्ष व उपाध्यक्ष, विभिन्न गांवों के सरपंच, समुदाय के प्रतिनिधि और अन्य हितधारक भी शामिल हुए।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन समारोह के साथ हुई,जिसके बाद प्रदर्शनियों का आयोजन किया गया जहाँ बच्चों ने समर कैंप के दौरान बनाई गई अपनी कलाकृतियों, शिल्पों और सीखे गए कौशल का प्रदर्शन किया।जयंत नाहटा और एनएमडीसी के अधिकारियों ने बच्चों से बातचीत की, उनके प्रयासों की सराहना की और उन्हें शिविरों के दौरान सीखी गई बातों को अपनी नियमित स्कूली शिक्षा में आगे ले जाने के लिए प्रोत्साहित किया।इसके बाद गणमान्य अतिथियों ने केंद्रीय विद्यालय मैदान का दौरा किया, जहाँ बच्चों ने टीम-आधारित फ्रिसबी प्रतियोगिताओं में पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। सभा को संबोधित करते हुए श्री जयंत नाहटा ने एनएमडीसी की इस पहल की सराहना की और उम्मीद जताई कि भविष्य में भी ऐसे शिविर आयोजित होंगे। उन्होंने बच्चों में आत्मविश्वास, अनुशासन, टीम वर्क और समग्र व्यक्तित्व विकास के लिए एक माध्यम के रूप में खेलों के महत्व पर भी जोर दिया।इन समर कैंपों के माध्यम से, एनएमडीसी ने ग्रामीण बच्चों के लिए छुट्टियों के दौरान सीखने, अपनी रचनात्मकता को तलाशने, खेलों में भाग लेने और आवश्यक कौशल विकसित करने के लिए एक सुरक्षित और आकर्षक मंच तैयार किया है, जिससे उनके समग्र विकास और सकारात्मक सामुदायिक जुड़ाव में योगदान मिला हैं।