राजनांदगांव : चक्रवात अर्णब की मार से अविभाजित राजनांदगांव के लगभग ढाई लाख हेक्टेयर की धान की फसल खेतों में बिछ गई है। इस आपदा ने किसानों की कमर पूरी तरह तोड़ दी है। 48 घंटे में लगभग 23.4 मिमी औसत बारिश और अंधड़ ने खेतों में जमकर तबाही मचाई है। खेतों की तस्वीरें नुकसान के बड़े आंकड़े दर्शा रही हैं।
दूसरी ओर इस दौरान शहर में 250 से अधिक बिजली संबंधित शिकायतें दर्ज हुई। कई स्थानों पर पेड़ गिरने की सूचनाएं हैं। यातायात पर भी इसका असर पड़ा है। गुरुवार को भी आंगनबाड़ी, स्कूल बंद रहे। तूफान का असर तापमान पर भी पड़ा है। दिन के तापमान में और कमी आने से सर्दी महसूस होने लगी। गुरुवार को लोग स्वेटर पहने भी नजर आए।
एकड़ों की फसल को बर्बादी के कगार पर देखते हुए भी किसान हाथ पर हाथ धरे रहने मजबूर है। बारिश से जमीन गिली होने के चलते सिवाए प्रतीक्षा करने के और कोई रास्ता नहीं है। तूफान के असर के चलते बिछी फसलों की पकी बालियां पानी में डूब गई है। पौधों को सूखने में तीन-चार दिन का समय लगेगा। इसके बाद भी बालियां सही सलामत मिल सके इसकी संभावना कम है। इसका सीधा असर उत्पादन पर पड़ेगा। गीली मिट्टी के खेतों में कटाई के लिए हार्वेस्टर भी नहीं घुस सकता और न ही फसल की कटाई संभव है। ऐसी स्थिति में किसानों को अब सिर्फ भगवान से चमत्कार की उम्मीद है। कृषि विभाग के अनुसार, वास्तविक नुकसान का आंकलन सर्वेक्षण के बाद ही हो पाएगा लेकिन चक्रवात ने हजारों हेक्टेयर की फसल को सीधे प्रभावित किया है। कई खेतों की फसल पूरी तरह समाप्त हो चुकी है। मौसम के आगे कृषि विभाग की हिदायतें भी किसानों के काम आते नहीं दिख रही है।
बाजार पर पड़ेगा असर, महंगाई बढ़ेगी
ऐन दिवाली से पहले इस आपदा ने अन्नदाताओं की कमर तोड़ दी। बारिश से सब्जी की फसल भी खराब हुई है। जिसके चलते इसका बड़ा असर बाजार में देखने को मिलेगा। फसल को नुकसान को देखते हुए व्यापारियों को आशंका है कि इस बार बिकवाली में भारी कमी आ सकती है। इसके अलावा महंगाई और बढ़ सकती है। सब्जियों में तो इसका असर तत्काल देखने को मिलेगा।
बिजली की आफत, यातायात पर पड़ा असर
दो दिनों से अंधड़ और वर्षा से जनजीवन प्रभावित हुआ है। इसका सबसे अधिक असर बिजली और यातायात पर पड़ा। जिले भर में घंटों बिजली गुल रहने की शिकायतें सामने आई हैं। शहर में तो उन इलाकों में भी घंटों बिजली गुल रही जहां का मेंटनेंस दो दिनों पहले ही किया गया है। कई जगहों पर पेड़ गिरने की खबरें हैं। शहर में इस दौरान 250 से अधिक शिकायतें रजिस्टर की गईं। दूसरी ओर वर्षा का असर राहगीरों पर पड़ा है। पेड़ गिरने और वर्षा जारी होने से तकलीफें सामने आई।