राजनांदगांव: अंबागढ़ चौकी में पीवी एप के विरोध में 21 दिनों से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे पटवारियों के आंदोलन को दबाने के लिए शासन-प्रशासन ने सख्ती शुरू कर दी है। नवीन जिला मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी में छत्तीसगढ़ राजस्व पटवारी संघ के जिला संगठन के 10 पदाधिकारियों का स्थानांतरण कर दिया गया। प्रशासन की इस कार्रवाई से पटवारियों में आक्रोश फैल गया है। निलंबन और स्थानांतरण की कार्रवाई को आंदोलन कुचलने का प्रयास बताते हुए पटवारियों ने अपना विरोध और तेज कर दिया है। रविवार को जिले की पांचों तहसीलों के पटवारियों ने काले कपड़े पहनकर जिला मुख्यालय मोहला में प्रदर्शन किया और शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए स्थानांतरण एवं निलंबन आदेशों की प्रतियों की होली जलाई। चौकी, मोहला, मानपुर, खड़गांव और औंधी तहसील के पटवारी जिला मुख्यालय पहुंचे। छुरिया मंदिर के समीप स्थित धरना प्रदर्शन स्थल पर आंदोलनकारियों ने दिनभर प्रदर्शन कर पीवी एप बंद करने तथा किसानों की समस्याओं का निराकरण करने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारियों ने काले कपड़े पहनकर शासन की कार्रवाई के प्रति अपना विरोध जताया।
जिला संगठन के प्रमुख पदाधिकारियों पर गिरी तबादले की गाज
प्रशासन की सख्ती का असर जिला पटवारी संघ के संगठनात्मक पदाधिकारियों पर पड़ा है। जिला अध्यक्ष लखनलाल सोरी, महिला प्रकोष्ठ की जिला अध्यक्ष विद्या बोरकर सहित दिनेश मंडावी, राकेश रोशन मेश्राम, प्रवीण बांबेश्वर, संतोष साहू, नम्रता दामले, रूपेश देवांगन, लवकुमार साहू और रविकांत बघेल का उनके मूल पदस्थापना स्थल से अन्य तहसील एवं अनुविभाग में स्थानांतरण किया गया है। संगठन के प्रमुख पदाधिकारियों पर हुई इस कार्रवाई को पटवारी आंदोलन को कमजोर करने की कोशिश के रूप में देख रहे हैं। इससे आंदोलनकारियों का गुस्सा और बढ़ गया है।
न डरेंगे, न झुकेंगे और न आंदोलन से हटेंगे
जिला पटवारी संघ के अध्यक्ष लखनलाल सोरी ने कहा कि शांतिपूर्ण ढंग से अनिश्चितकालीन हड़ताल कर रहे पटवारियों के खिलाफ निलंबन और स्थानांतरण की कार्रवाई पूरी तरह अन्यायपूर्ण है। लोकतंत्र में प्रत्येक व्यक्ति को अपनी बात रखने, आंदोलन करने और अधिकारों के लिए संघर्ष करने का अधिकार है। उन्होंने कहा कि सरकार पटवारियों के आंदोलन से घबरा गई है, इसलिए दमनात्मक कार्रवाई कर रही है। पटवारियों ने शासन-प्रशासन को चेतावनी दी है कि जल्द मांगें पूरी कर पीवी एप बंद नहीं किया गया तो आंदोलन को अगले चरण में ले जाया जाएगा। इसके तहत पटवारी आमरण अनशन शुरू करेंगे। जिला संघ के अनुसार आमरण अनशन के साथ ही अन्य चरणबद्ध आंदोलन की रणनीति भी नए सिरे से तैयार की जाएगी।